बिहार की राजनीति ने एक बार फिर बता दिया कि यहां गणित से ज्यादा केमिस्ट्री काम करती है। बांकीपुर उपचुनाव के नतीजे आए और सोशल मीडिया ने बिना देर किए वेब सीरीज 'महारानी' का मशहूर डायलॉग फिर से निकाल लिया-"जब-जब आपको लगता है कि आप बिहार को समझ गए हैं, बिहार आपको झटका देता है।"
चुनाव खत्म हुआ, नतीजे आए और इंटरनेट ने अपनी असली ड्यूटी शुरू कर दी। नेताओं से ज्यादा चर्चा मीम्स की होने लगी। ऐसा लगा जैसे चुनाव आयोग ने रिजल्ट घोषित किया हो और सोशल मीडिया ने उसका "मीम संस्करण" जारी कर दिया हो।
बिहार में राजनीति का हाल कुछ ऐसा है कि यहां सीट जीतने से पहले कोई भविष्यवाणी मत कीजिए। क्योंकि यहां वोटर आखिरी समय तक अपने मन की बात किसी से नहीं बताते। एग्जिट पोल वाले भी हर चुनाव के बाद यही सोचते हैं-"इस बार तो समझ गए थे..." और बिहार जवाब देता है-"अभी नहीं।"
प्रशांत किशोर की जीत के बाद सबसे ज्यादा फायदा अगर किसी को हुआ है तो वह है 'महारानी' वेब सीरीज। सालों पुराना डायलॉग फिर से ट्रेंड में आ गया। लगता है बिहार की राजनीति और इस सीरीज का रिश्ता ऐसा है कि जब भी कोई बड़ा उलटफेर होता है, इंटरनेट सबसे पहले इसी डायलॉग की शरण में चला जाता है।
अब सोशल मीडिया पर लोग मजाक में कह रहे हैं कि बिहार चुनाव समझने के लिए राजनीतिक विश्लेषक नहीं, बल्कि 'महारानी' के सभी सीजन देखना जरूरी है। क्योंकि यहां राजनीति की स्क्रिप्ट इतनी तेजी से बदलती है कि लेखक भी बीच में पूछ बैठे-"अगला सीन कौन लिख रहा है?"
फिलहाल इतना तय है कि बिहार ने एक बार फिर याद दिला दिया है-यहां राजनीति में "कुछ भी हो सकता है" सिर्फ फिल्मी डायलॉग नहीं, बल्कि चुनावी हकीकत है। और इंटरनेट? वह हर चुनाव के बाद यही कहता है-"बिहार, तुम कभी बोर नहीं करते!"



