विशेष संवाददाता (मिडिल-क्लास खिड़की से)
गुरुग्राम के सेक्टर 54 से एक बेहद ही 'भावुक' और 'दिल को छू लेने वाली' खबर आई है। आम आदमी जब ₹2,710 की महीने की एसआईपी (SIP) की किस्त कटने पर दो दिन तक 'बाहर की चाय' पीना बंद कर देता है, वहीं हमारे देश के एक उद्यमी भाई साहब ने ₹271 करोड़ का एक छोटा-सा 'पेंटहाउस' खरीद लिया है।
जी हाँ, सही सुना आपने - ₹271 करोड़! इतने रुपये में तो किसी छोटे देश की आधी जीडीपी (GDP) समा जाए, या फिर हमारे मोहल्ले के 500 गुप्ता जी अपने पूरे जीवन की पेंशन एक जगह जमा कर दें!
DLF के ‘द डहलियास’ नाम के इस 'झोपड़े' का कुल सुपर एरिया 17,200 वर्ग फुट है। यानी अगर आप इस घर के लिविंग रूम में अपना चश्मा भूल जाएँ, तो उसे ढूँढ़ने के लिए आपको बाकायदा एक ऑटो या ई-रिक्शा हायर करना पड़ेगा। ₹2.6 लाख प्रति वर्ग फुट के हिसाब से देखा जाए, तो इस घर में अगर आप एक बाल्टी या झाड़ू भी फर्श पर रखते हैं, तो वह जगह अपने-आप में 10-12 लाख रुपये की बैठती है!
पड़ोस के 'द कैमिलियाज' में ₹190 करोड़ का घर खरीदने वाले सज्जन भी यह खबर सुनकर अपने बालकनी में खड़े होकर सोच रहे होंगे - "अरे यार! थोड़ा और कमा लेते तो आज हम भी पॉश इलाके में गिने जाते, ये ₹190 करोड़ वाला घर तो कितना मिडिल-क्लास लग रहा है!"
इस प्रोजेक्ट के आसपास 50 एकड़ की 'मानव निर्मित' झीलें और ग्रीन पार्क बनाए गए हैं। मतलब कुदरत ने जो पानी और हरियाली गुरुग्राम को नहीं दी, वो DLF वालों ने बिल में जोड़कर अलग से बना दी है। अब ज़ाहिर सी बात है, जब आप हवा भी ₹1.58 लाख प्रति वर्ग फुट के हिसाब से खरीद रहे हों, तो ऑक्सीजन में भी थोड़ा 'इम्पोर्टेड' अहसास तो आना ही चाहिए!
खैर, इस ऐतिहासिक सौदे के बाद देश के बाकी रियल एस्टेट बाज़ार में एक नई उम्मीद जगी है। अब दिल्ली-एनसीआर का कोई भी ब्रोकर आपको 2 बीएचके (2BHK) दिखाते हुए बड़े गर्व से कह सकता है- "सर, पास ही में 271 करोड़ का पेंटहाउस भी है, लोकेशन एकदम प्राइम है!"



